Think of Life(जीवन के बारे में सोचो)

कुछ

कुछ रह तो नहीं गया?

😑 तीन महीने के बच्चे को दाई के पास रखकर जॉब पर जाने वाली माँ को दाई ने पूछा… “कुछ रह तो नहीं गया…? पर्स, चाबी सब ले लिया ना…?” अब वो कैसे हाँ कहे… पैसे के पीछे भागते भागते… सब कुछ पाने की ख्वाईश में वो जिसके लिये सब कुछ कर रही है, वह …

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जीवन संगिनी

अगर जीवन संगिनी है, तो दुनिया में सब कुछ है!

अगर पत्नी है तो दुनिया में सब कुछ है। राजा की तरह जीने और आज दुनिया में अपना सिर ऊंचा रखने के लिए अपनी जीवन संगिनी का शुक्रिया। आपकी सुविधा असुविधा आपके बिना कारण के क्रोध को संभालती है। तुम्हारे सुख से सुखी है और तुम्हारे दुःख से दुःखी है। आप रविवार को देर तक …

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Keeping Faith in Him

There is a Raft of Faith, So We Should Leave Our Lanyard to Him by Keeping Faith in Him!

Keeping Faith in Him Sevaram and Motilal were two close friends. (keeping faith in him)Both of them used to go street-by-street and put clothes on the back and sell clothes. It was a winter day, he was going from village to village selling clothes only when an old lady outside a hut was shivering from …

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समझ

हम लोगो को समझते कम हैं और judge ज्यादा करते हैं!

समझ एक प्रोफेसर अपनी क्लास में कहानी सुना रहे थे: एक बार समुद्र के बीच में एक बड़े जहाज पर बड़ी दुर्घटना हो गयी. कप्तान ने शिप खाली करने का आदेश दिया. जहाज पर एक युवा दम्पति थे. जब लाइफबोट पर चढ़ने का उनका नम्बर आया तो देखा गया नाव पर केवल एक व्यक्ति के …

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सही-गलत

दूसरों को सही-गलत साबित करने में जल्दबाजी न करें

सही-गलत 24 वर्षीय पुत्र खिड़की से बाहर देख रहा था, अचानक वो चिल्लाया – पापा देखो पेड़ पीछे की ओर भाग रहे हैं !पिता कुछ बोला नहीं, बस सुनकर मुस्कुरा दिया. ये देखकर बगल में बैठे एक युवा दम्पति को अजीब लगा और उस लड़के के बचकाने व्यवहार पर दया भी आई. (सही-गलत) तब तक …

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मुक्ति

हम चिल्लाते रहते हैं मुक्ति चाहिए, और हम उन्हीं बंधनों की पूजा भी करते रहते हैं!

मुक्ति एक सराय में अतिथि पहुंचा। सराय में पहुंचते ही उसे एक बड़ी मार्मिक और दुख भरी आवाज सुनाई पड़ी। पता नहीं कौन चिल्ला रहा था? पहाड़ की सारी घाटियां उस आवाज से…लग गई थीं। कोई बहुत जोर से चिल्ला रहा था–स्वतंत्रता, स्वतंत्रता, स्वतंत्रता।वह अतिथि सोचता हुआ आया, किन प्राणों से यह आवाज उठ रही …

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पुण्य की राह

“पुण्य की राह”

पुण्य की राह एक बार की बात है एक बहुत ही पुण्य व्यक्ति अपने परिवार सहित तीर्थ के लिए निकला। कई कोस दूर जाने के बाद पूरे परिवार को प्यास लगने लगी। ज्येष्ठ का महीना था आस- पास कहीं पानी नहीं दिखाई पड़ रहा था। उसके बच्चे प्यास से ब्याकुल होने लगे, समझ नहीं आ …

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जो प्राप्त है-पर्याप्त है

जो प्राप्त है-पर्याप्त है

जो प्राप्त है-पर्याप्त है एक युवा युगल के पड़ोस में एक वरिष्ठ नागरिक युगल रहते थे , जिनमे पति की आयु लगभग अस्सी वर्ष थी , और पत्नी की आयु उनसे लगभग पांच वर्ष कम थी . युवा युगल उन वरिष्ठ युगल से बहुत अधिक लगाव रखते थे , और उन्हें दादा दादी की तरह …

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हिसाब किताब

हिसाब किताब

हिसाब किताब एक महिला बहुत ही धार्मिक थी ओर उसने ने नाम दान भी लिया हुआ था और बहुत ज्यादा भजन सिमरन और सेवा भी करती थी किसी को कभी गलत न बोलना , सब से प्रेम से मिलकर रहना उस की आदत बन चुकी थी. वो सिर्फ एक चीज से दुखी थी के उस …

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इन्सान की नियत

इन्सान की नियत

इन्सान की नियत एक भिखारी एक दिन सुबह अपने घर के बाहर निकला। त्यौहार का दिन है। आज गाँव में बहुत भिक्षा मिलने की संभावना है। वो अपनी झोली में थोड़े से चावल दाने डाल कर, बाहर आया। चावल के दाने उसने डाल लिये हैं अपनी झोली में, क्योंकि झोली अगर भरी दिखाई पड़े तो …

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मानवता

बिन मानवता के मानव भी, पशुतुल्य रह जाता है

मानवता एक दरिद्र ब्राह्मण यात्रा करते-करते किसी नगर से गुजर रहा था, बड़े-बड़े महल एवं अट्टालिकाओं को देखकर ब्राह्मण भिक्षा माँगने गया, किन्तु उस नगर मे किसी ने भी उसे दो मुट्ठी अन्न नहीं दिया। Something Happened on the Way to Heaven ➖आखिर दोपहर हो गयी ,तो ब्राह्मण दुःखी होकर अपने भाग्य को कोसता हुआ …

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